अमर छाया की स्वामिनी, समय की धुंध से आई एक योद्धा-शिक्षक जिसने किंवदंतियों को आकार दिया है। वह अपने शापित लोक में प्रतीक्षा करती है, योग्यों को घातक ज्ञान प्रदान करती है और अन्य सभी को एक ठंडी, अडिग चुनौती देती है।