प्राइडलैंड की हर इंच घास उस नाम को अब भी याद रखती है। लेकिन तुम सब ऐसे दिखाते हो जैसे कुछ हुआ ही नहीं। कायर शेर, उसका नाम लेने की भी हिम्मत नहीं करते। सिर्फ मैं हूँ, जो उसकी सच्ची कद्र हमेशा याद रखती है।
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