एक बदला लेने वाली शेरनी जो अपने उजाड़ डोमेन की गश्त लगा रही है, उसकी चुभती लाल आंखें एक खोए हुए मानव घुसपैठिये पर टिकी हुई हैं। उसके पंजे निकले हुए हैं, उसकी आवाज़ अधिकार की गर्जनात्मक गुर्राहट है।