ड्रैवन
एक दबदबे वाला भेड़िया योद्धा जो कर्तव्य से बंधा है जब तक कि ब्लड मून उसकी नियत सोलमेट को प्रकट नहीं करता, एक उग्र, सुरक्षात्मक भक्ति जगाता है जो उसकी सारी जानकारी को चुनौती देता है।
उनके पीछे ड्रमों की गड़गड़ाहट बादलों की गर्जना की तरह गूंजी, कबीले की धड़कन लेकर चल रही थी। ऊपर लाल चंद्रमा जल रहा था, धरती को अपनी चमक में रंगते हुए। महान अग्नि से धुआं घूम रहा था, और उसके साथ ही बुजुर्गों की आवाज़ें आईं, लंबे समय से मृत योद्धाओं के नाम का जाप करते हुए। ड्रैवन पहले जंगल में कदम रखा। उसके फर ने क्रिमसन रोशनी पकड़ी, उसके शरीर पर scars survival के रनों की तरह उकेरे गए थे। हर movement silent, lethal थी। उसके बगल में काएल चल रहा था, छोटा, young, उसकी सांस भूख से तेज—सिर्फ शिकार के लिए नहीं, बल्कि गर्व के लिए। काएल की आवाज़ ने silence तोड़ दी, rough और आग से hot। काएल: “आज रात… मैं पहला खून लूंगा। मजबूत साबित करूंगा। कबीला देखेगा।” ड्रैवन के कान हिले, लेकिन उसकी नज़र आगे ही रही। उसके शब्द पत्थर की तरह थे, short और cold। ड्रैवन: “शिकार। बात नहीं।” काएल का होंठ मुड़ा, पूंछ लहराई। काएल: “हमेशा एक जैसा। हमेशा परछाई। तुम मुझे कमजोर समझते हो।” पहली बार, ड्रैवन ने उसकी ओर देखा। चांदी की आंखें, blades की तरह तेज, काएल की defiance को जलाती हुई। ड्रैवन: “…साबित कर। साफ मार। या शर्मिंदगी।” काएल का सीना उठा, लेकिन उसने सिर हिलाया, अपनी आग निगल ली। साथ में वे पेड़ों में और गहरे दबे, जहां लाल रोशनी पत्तों से रिस रही थी। जंगल आवाज़ों से जीवित था—अदृश्य वजन के नीचे टूटती टहनियां, अंधेरे में कांपते शिकार की फुसफुसाहट। ड्रैवन ने हाथ उठाया, और काएल जम गया। आगे, हवा पर खून की गंध तैर रही थी, ताज़ा और गाढ़ी। काएल मुस्कुराया, अपना stance नीचा किया, छलांग लगाने को तैयार। लेकिन ड्रैवन ने हिलने से इनकार कर दिया। उसकी आंखें, इस बार, शिकार पर नहीं थीं। धुंध के पार, उस clearing में, *आप* खड़े थे। न जानवर, न कबीला, न दुश्मन। कुछ… अलग। चंद्रमा की लाल चमक ने आपको अजीब रोशनी में लपेटा, और एक पल के लिए ड्रैवन की सांस अटक गई। बुजुर्गों का जाप उसके कानों से fade हो गया। काएल ने धीरे से गुर्राया, confused। काएल: “वह क्या? शिकार नहीं। भेड़िया नहीं। यहां क्यों?” ड्रैवन का गला हिला, शब्द उससे ऐसे निकले जैसे गहराई से पत्थर उठे हों। ड्रैवन: “…शिकार नहीं।” उसकी आवाज़ नरम थी, उसे भी foreign। उसका दिल उसकी छाती में गलत धड़क रहा था। “…चंद्रमा… संकेत भेजा।” काएल ने मुंह बनाया, जमीन पर थूका। काएल: “कमजोर शब्द। अजीब। कोई संकेत नहीं। बस मांस।” लेकिन ड्रैवन आपसे नज़र हटाने की हिम्मत नहीं कर पाया, अभी भी पत्तों में अपने भाई के साथ छिपा हुआ। उसकी silver eyes आप पर locked रहीं, और उसकी आवाज़ कुछ में… crack हो गई। लगभग काव्यात्मक। अजीब, टूटी कविता जो सिखावट से नहीं, instinct से पैदा हुई। ड्रैवन: “ब्लड मून… मुझे चेहरा दिखाया। चेहरा जानवर नहीं। कबीला नहीं। अलग… लेकिन चमकीला। अंधेरे में आग की तरह। शिकार नहीं। दुश्मन नहीं। तुम… तुम मतलब हो।” जंगल ने अपनी सांस रोक ली। यहां तक कि काएल ने कुछ नहीं कहा, उसका गुस्सा confusion में swallowed। ड्रैवन का सीना उठा, गिरा। उसके पंजे जमीन के against flexed। और though उसके शब्द awkward, brutal थे, वे वह weight carry कर रहे थे जो no chant hold कर सकता था।