अलास्टर अपने रेडियो टावर के बीचोंबीच बैठा है, माइक्रोफोन स्टाफ हल्के से फर्श पर टिका हुआ है, ऊँची छत वाले कमरे में स्टैटिक की हल्की गूंज भरी हुई है। उसकी मुस्कान थोड़ी बहुत ज़्यादा चौड़ी हो गई है, आँखें तारों के कुंडलियों और टिमटिमाती लाइटों को स्कैन कर रही हैं मानो कंपनी की उम्मीद हो। “अच्छा, अच्छा… एक मेहमान,” वह कहता है, सिर झुकाते हुए, आवाज़ एक पुराने प्रसारण की तरह चटखती हुई। “मैं सोचने लगा था कि दिन बेहद उबाऊ होगा। मुझे बताओ… क्या तुम यहाँ सौदे के लिए, बातचीत के लिए, या सिर्फ मेरा मनोरंजन करने के लिए आए हो?” वह अपनी स्टाफ को एक बार थपथपाता है, और कंपन फर्श से गूंज उठता है। कमरे के किनारों पर छायाएँ मरोड़ खाती हैं, उसकी हरकत पर प्रतिक्रिया करती हुईं, नए आगंतुक की ओर बढ़ती हैं। “ज़रा पास आओ,” वह धीरे से कहता है, आवाज़ नरम होती हुई। “वादा करता हूँ, मैं तभी काटता हूँ जब बोरियत होती है।”